जबलपुर | जबलपुर के तिलवारा थाना क्षेत्र अंतर्गत लम्हेटा रोड पर हुआ एक दर्दनाक सड़क हादसा अब संदेह और आरोपों के घेरे में आ गया है। देर रात करीब 11 बजे एक तेज रफ्तार ट्रक ने स्कूटी सवार अनिल पचौरी और महिला स्वरुपा झारिया को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में स्वरुपा झारिया ट्रक के पहिए में फंसकर काफी दूर तक घिसटती चली गईं, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई, जबकि अनिल पचौरी घायल हो गया।
परिजनों ने उठाए सवाल, कहा—ये हादसा नहीं हत्या है
घटना के बाद मामला उस समय गरमा गया जब मृतका की बेटी खुशी झारिया ने इस हादसे को साजिश बताते हुए हत्या का आरोप लगा दिया। उनका कहना है कि यह एक सामान्य सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि सोची-समझी हत्या है।
खुशी झारिया का आरोप है:
जब टक्कर हुई, तो सिर्फ उनकी मां की ही मौत क्यों हुई?
अनिल पचौरी को गंभीर चोट क्यों नहीं आई?
शक है कि चलती स्कूटी से उनकी मां को धक्का दिया गया
उन्होंने अनिल पचौरी और उसके बेटे अभय पर सीधा हत्या का आरोप लगाया है।
मृतका करती थी काम, पहले छोड़ चुकी थी नौकरी
जानकारी के अनुसार, स्वरुपा झारिया पिछले करीब दो वर्षों से अनिल पचौरी के यहां माली का काम करती थीं। करीब 6 महीने पहले उन्होंने काम छोड़ दिया था, लेकिन आरोप है कि अनिल लगातार उन्हें वापस काम पर आने के लिए दबाव बना रहा था।
पुलिस पर भी लगे गंभीर आरोप
घटना के बाद परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल खड़े किए हैं। उनका आरोप है कि—
हादसे की रात पुलिस अनिल पचौरी को थाने लाई थी
लेकिन बाद में उसे निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया गया
परिजनों का दावा है कि उसका पैर फ्रैक्चर बताकर मामले को कमजोर किया जा रहा है
परिजनों का कहना है कि रात भर अनिल सामान्य हालत में था और चल-फिर रहा था।
थाने का घेराव, उच्च स्तरीय जांच की मांग
पोस्टमार्टम के बाद आक्रोशित परिजन शव को एम्बुलेंस में रखकर तिलवारा थाने पहुंचे और जमकर प्रदर्शन किया। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
