जबलपुर। शहर के खमरिया स्थित बंग समाज की आस्था का प्रमुख केंद्र कालीबाड़ी (काली मंदिर) शनिवार रात उस समय विवादों में घिर गया, जब मंदिर परिसर में एक महिला के देर रात तक बैठे रहने को लेकर हंगामे की स्थिति बन गई। मंदिर के पट बंद करने का समय होने के बावजूद महिला वहां से हटने को तैयार नहीं हुई, जिसके बाद मंदिर प्रबंधन समिति के पदाधिकारी सीधे खमरिया थाना पहुंच गए।
मंदिर समिति का आरोप है कि मनीषा बर्मन नामक महिला पिछले कई महीनों से मंदिर संचालन में लगातार बाधा उत्पन्न कर रही है। इस पूरे मामले को लेकर पहले भी पुलिस अधीक्षक कार्यालय सहित आयुध निर्माणी खमरिया के सुरक्षा अधिकारियों को शिकायत दी जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
मंदिर समिति के सचिव एवं श्रमिक नेता अर्नब दास गुप्ता ने बताया कि फरवरी माह से संबंधित महिला मंदिर परिसर में आकर अभद्र व्यवहार कर रही है और मंदिर से जुड़े लोगों को परेशान करने के लिए झूठी शिकायतें भी कर चुकी है। उन्होंने कहा कि मंदिर खोलने और बंद करने का समय निर्धारित है, लेकिन महिला रात में भी परिसर में बैठी रहती है, जिससे समिति के सदस्य भय और असमंजस की स्थिति में हैं।
समिति का कहना है कि मंदिर सुनसान इलाके में स्थित है और यदि रात के समय महिला के साथ कोई अप्रिय घटना घटती है तो उसका पूरा ठीकरा मंदिर समिति पर फूट सकता है। इसी आशंका के चलते शनिवार रात मामले की शिकायत खमरिया थाना पुलिस से की गई।
बताया गया है कि समिति सदस्यों ने पुलिस को कुछ वीडियो और ऑडियो रिकॉर्डिंग भी सौंपी हैं। हालांकि देर रात तक पदाधिकारी थाने में मौजूद रहे, लेकिन कोई सक्षम अधिकारी उनकी शिकायत सुनने के लिए उपलब्ध नहीं था। इससे नाराज समिति सदस्यों में आक्रोश फैल गया और थाने में काफी देर तक हंगामे जैसी स्थिति बनी रही।
