जबलपुर। धर्म और आध्यात्म की आड़ में नशीले पदार्थों की अवैध खेती का एक चौंकाने वाला मामला जबलपुर से सामने आया है। नर्मदा तट के समीप ग्वारीघाट क्षेत्र के ललपुर स्थित स्वामी शिवेन्द्रानंद रंगनाथन आश्रम में पुलिस ने छापेमार कार्रवाई कर गांजे के पौधे बरामद किए हैं। आश्रम परिसर में गमलों में गांजे की खेती किए जाने का खुलासा होने के बाद पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया है।
पुलिस के अनुसार, नगर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) गोरखपुर एमडी नागोतिया को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि नर्मदा पंप हाउस के समीप स्थित आश्रम में रहने वाला स्वामी शिवेन्द्रानंद रंगनाथन अवैध रूप से गांजे के पौधे उगा रहा है। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों के तहत टीम गठित कर आश्रम पर दबिश दी।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आश्रम परिसर की सघन तलाशी ली। तलाशी में अलग-अलग गमलों में लगाए गए गांजे के चार हरे-भरे पौधे बरामद हुए। पुलिस ने पौधों को जब्त कर उनका वजन कराया, जो कुल 778 ग्राम पाया गया। इसके बाद आरोपी स्वामी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8 एवं 20 के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि गांजे की खेती केवल व्यक्तिगत उपयोग के लिए की जा रही थी या इसके पीछे किसी बड़े नेटवर्क की भूमिका है। साथ ही यह भी जांच का विषय है कि आश्रम परिसर में यह गतिविधि कब से संचालित हो रही थी।
इस घटना ने नर्मदा तट के पवित्र क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस अब इस संभावना की भी जांच कर रही है कि कहीं आसपास के अन्य आश्रमों या एकांत स्थानों पर भी इस तरह की अवैध खेती तो नहीं की जा रही। आने वाले दिनों में क्षेत्र में विशेष अभियान चलाकर संदिग्ध स्थानों की जांच की जा सकती है।
फिलहाल पुलिस ने जब्त गांजे के पौधों को कब्जे में लेकर मामले की विवेचना शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
