एमपी में मौसम ने बदली करवट, 38 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट; 25 जून के आसपास मानसून की दस्तक के संकेत

 


भोपाल। मध्यप्रदेश में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। एक ओर राज्य के कई जिलों में प्री-मानसून गतिविधियों के चलते बारिश दर्ज की जा रही है, वहीं दूसरी ओर कुछ क्षेत्रों में भीषण गर्मी का असर अब भी बना हुआ है। मानसून की प्रतीक्षा कर रहे प्रदेशवासियों के लिए राहत भरी खबर यह है कि मौसम विभाग ने 25 जून के आसपास मध्यप्रदेश में मानसून के प्रवेश की संभावना जताई है।

मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को प्रदेश के 38 जिलों में आंधी और बारिश की चेतावनी जारी की गई है। कई स्थानों पर 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के साथ गरज-चमक और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

इन जिलों में जारी हुआ अलर्ट

भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, बुरहानपुर, खंडवा, आगर-मालवा, शाजापुर, देवास, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, जबलपुर, कटनी, छिंदवाड़ा, सिवनी, नरसिंहपुर, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, पांढुर्णा, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी जिलों में मौसम विभाग ने आंधी और बारिश की संभावना जताई है।

कई जिलों में अभी भी गर्मी का प्रकोप

दूसरी ओर रीवा, सतना, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, उमरिया, शहडोल, नीमच, मंदसौर, रतलाम, उज्जैन, झाबुआ, अलीराजपुर, बड़वानी, धार और खरगोन जिलों में गर्मी का असर जारी रहने की संभावना है। इन क्षेत्रों में तेज धूप और उमस लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।

बारिश से गिरे तापमान, लेकिन कुछ शहरों में पारा अब भी 40 के पार

शुक्रवार को राजगढ़, रीवा, सतना, दमोह और मैहर समेत कई जिलों में हुई बारिश से तापमान में गिरावट दर्ज की गई। हालांकि खजुराहो और दतिया जैसे इलाकों में अधिकतम तापमान अब भी 41 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है।

प्रदेश के प्रमुख शहरों में अधिकतम तापमान भोपाल में 37.3 डिग्री, इंदौर में 35.1 डिग्री, उज्जैन में 36 डिग्री, जबलपुर में 38.8 डिग्री और ग्वालियर में 40 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

25 जून के आसपास मानसून की उम्मीद

मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से मिल रही अनुकूल नमी के कारण आगामी दिनों में प्री-मानसून गतिविधियां तेज हो सकती हैं। यदि परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो 25 जून के आसपास दक्षिण-पश्चिम मानसून मध्यप्रदेश में प्रवेश कर सकता है, जिससे प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में झमाझम बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है।

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