जबलपुर। शहर में ओला इलेक्ट्रिक की खराब सर्विसिंग व्यवस्था के खिलाफ आज वकीलों और उपभोक्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा। नाराज वकीलों ने सर्विस सेंटर के बाहर जमकर प्रदर्शन करते हुए प्रतीकात्मक रूप से सेंटर पर ताला जड़ दिया। इस विरोध में बड़ी संख्या में अन्य उपभोक्ता भी शामिल हुए, जिन्होंने कंपनी की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए।
प्रदर्शन कर रहे लोगों का आरोप है कि कंपनी द्वारा समय पर सर्विस और स्पेयर पार्ट्स उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं, जिसके चलते उपभोक्ताओं को महीनों तक अपने वाहन के बिना परेशान रहना पड़ रहा है।
एडवोकेट जीएस ठाकुर ने बताया कि उन्होंने दो वर्ष पूर्व ओला स्कूटर खरीदी थी। दिसंबर में दुर्घटना के बाद उन्होंने इंश्योरेंस क्लेम के लिए वाहन सर्विस सेंटर में जमा किया था, लेकिन चार महीने बीत जाने के बाद भी स्कूटर की मरम्मत नहीं हो सकी है। उनका आरोप है कि स्पेयर पार्ट्स की भारी कमी के कारण कई वाहन लंबे समय से सेंटर में खड़े हैं।
प्रदर्शनकारियों ने यह भी आरोप लगाया कि सर्विस सेंटर पर कोई जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं रहता, जिससे उपभोक्ताओं की समस्याएं अनसुनी रह जाती हैं। छोटे कर्मचारियों को ही ग्राहकों के गुस्से का सामना करना पड़ता है।
वकीलों का कहना है कि कंपनी ने वाहन बेचते समय बेहतर सर्विस और त्वरित मरम्मत का दावा किया था, लेकिन हकीकत इससे बिल्कुल उलट है। सर्विस सेंटर में बड़ी संख्या में गाड़ियां महीनों से खड़ी हैं, जिससे उपभोक्ताओं को आर्थिक नुकसान के साथ-साथ मानसिक तनाव भी झेलना पड़ रहा है।
पुलिस-प्रशासन से कार्रवाई की मांग
वकीलों ने कंपनी पर उपभोक्ताओं के साथ धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए पुलिस और प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि मामले की सूचना पहले ही पुलिस को दी जा चुकी है और जब तक समस्याओं का समाधान नहीं होता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
